वाराणसी में 76 टीबी मरीजों को वितरित की गई पोषण पोटली

वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के तहत महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में 76 टीबी मरीजों को पोषण पोटली वितरित की गई। विश्वविद्यालय के कुलपति आनंद कुमार त्यागी ने सभी 76 लाभार्थियों को पोषण पोटली प्रदान की। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के शिक्षक और जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. पीयूष राय भी मौजूद रहे। कार्यक्रम का समन्वय समाजशास्त्र विभाग के प्रोफेसर संजय कुमार ने किया।
कार्यक्रम के दौरान टीबी मरीजों और उपस्थित लोगों को उपचार के साथ पर्याप्त पोषण के महत्व के बारे में जागरूक किया गया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एनपी सिंह ने कहा कि टीबी के उपचार के दौरान नियमित रूप से दवा लेने के साथ संतुलित और पर्याप्त पोषण भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि मरीजों को उपचार पूरा करने और पोषण संबंधी जरूरतों में परिवार, समाज और संस्थाओं का सहयोग मिलना जरूरी है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने लोगों से टीबी मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार करने और उनके उपचार में सहयोग देने की अपील की। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयास और जनभागीदारी के जरिए टीबी उन्मूलन के प्रयासों को मजबूती दी जा सकती है।
कुलपति आनंद कुमार त्यागी ने भी टीबी मरीजों के प्रति समाज की संवेदनशीलता और सहयोग को जरूरी बताया। उन्होंने कहा कि समय पर उपचार, पर्याप्त पोषण और परिवार तथा समाज का सहयोग मरीज के स्वास्थ्य लाभ में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
प्रोफेसर संजय कुमार ने बताया कि विश्वविद्यालय के शिक्षक टीबी मरीजों के सहयोग के लिए लगातार सहभागिता कर रहे हैं। कार्यक्रम में वितरित की गई पोषण पोटली स्वयं सहायता समूह द्वारा तैयार की गई थी। इससे टीबी मरीजों की मदद के साथ महिला स्वयं सहायता समूहों की भागीदारी को भी बढ़ावा मिला।
कार्यक्रम के अंत में जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. पीयूष राय ने लोगों से टीबी मरीजों को उपचार और पोषण के लिए सहयोग देने, बीमारी के प्रति जागरूकता फैलाने और टीबी उन्मूलन के प्रयासों में सक्रिय भागीदारी करने की अपील की।
Poonam Report



