राज्य में RTE (राइट टू एजुकेशन) योजना के तहत स्कूलों में दाखिले की संख्या में लगातार गिरावट देखी जा रही है। पिछले छह वर्षों में लगभग 4000 बच्चों के दाखिले कम हुए हैं। इसके बावजूद, 2025-26 सत्र में 6539 बच्चों ने योजना के तहत प्रवेश लिया है।
इस वर्ष कुल 10186 सीटें उपलब्ध हैं, जिनमें अभी भी कई स्थान खाली हैं। अधिकारियों का कहना है कि बच्चों के कम दाखिले के पीछे कई कारण हैं, जैसे जागरूकता की कमी, स्कूलों की पहुंच, और अभिभावकों की प्राथमिकताएं।
RTE अधिकारियों ने बताया कि इस बार दाखिले की प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन और पारदर्शी तरीके से की जा रही है। इसके तहत बच्चों के योग्यतानुसार स्कूलों में प्रवेश सुनिश्चित किया जा रहा है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की है कि वे समय पर आवेदन करें ताकि बच्चों का शिक्षा से वंचित न रह जाए।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि दाखिले की संख्या लगातार घटती रही, तो यह योजना के मूल उद्देश्य—सभी बच्चों को शिक्षा तक समान पहुंच—पर असर डाल सकता है। प्रशासन इस दिशा में स्कूलों में जागरूकता अभियान और अभिभावक संवाद बढ़ाने की योजना बना रहा है।
Poonam Report



