
उत्तर प्रदेश में प्रशासनिक स्तर पर एक बड़ा बदलाव होने जा रहा है। मौजूदा मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह के सेवानिवृत्त होने के बाद सरकार को नए मुख्य सचिव की नियुक्ति करनी है। इस दौड़ में सबसे आगे नाम सामने आ रहा है — एस.पी. गोयल (शशि प्रकाश गोयल) का, जो 1989 बैच के IAS अधिकारी हैं।
🧑💼 एस.पी. गोयल का प्रशासनिक अनुभव
IAS बैच: 1989 (उत्तर प्रदेश कैडर)
वर्तमान पद: अतिरिक्त मुख्य सचिव, मुख्यमंत्री कार्यालय अन्य विभाग: नागरिक उड्डयन, प्रोटोकॉल, एस्टेट विभाग शुरुआती पदस्थापन: मथुरा, इटावा, मेरठ, प्रयागराज जैसे जिलों में ज़िला प्रशासन में एस.पी. गोयल लंबे समय से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विश्वस्त अफसरों में गिने जाते हैं। वे मुख्यमंत्री कार्यालय में रणनीतिक और नीतिगत कार्यों की निगरानी कर चुके हैं। इससे पहले वे केंद्र सरकार में भी डेप्युटेशन पर अहम भूमिका निभा चुके हैं।
शिक्षा और पृष्ठभूमि शैक्षणिक योग्यता:
- B.Sc (Honours)
- MCA
- EMIB (IIFT)
- जन्मस्थान: उत्तर प्रदेश (लखनऊ मूल निवासी)
उनका शैक्षणिक और तकनीकी पृष्ठभूमि उन्हें एक तेज़तर्रार और दक्ष प्रशासनिक अधिकारी के रूप में स्थापित करता है।
📌 क्यों बढ़ी उनकी दावेदारी?
वे मुख्यमंत्री कार्यालय में वर्षों से कार्यरत हैंप्रशासनिक वरिष्ठता में वे टॉप पर हैं (1989 बैच)वर्तमान मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह 30 जुलाई को सेवानिवृत्त हो रहे हैंमुख्यमंत्री से उनका समन्वय अच्छा माना जाता हैउनके साथ विकल्प में देवेश चतुर्वेदी भी हैं, लेकिन वरिष्ठता और भरोसे में गोयल आगे माने जा रहे हैं
🔍 संभावित नियुक्ति
राज्य सरकार की ओर से औपचारिक अधिसूचना जल्द जारी की जा सकती है। यह निर्णय सामान्य प्रशासन विभाग की अनुशंसा, मुख्यमंत्री की स्वीकृति और राज्यपाल की मंजूरी से होगा।
📎 निष्कर्ष
एस.पी. गोयल एक अनुभवी, दक्ष और रणनीतिक सोच वाले वरिष्ठ अधिकारी हैं। यदि उन्हें उत्तर प्रदेश का नया मुख्य सचिव नियुक्त किया जाता है, तो यह सरकार की प्रशासनिक नीति और दक्षता में निरंतरता लाने वाला कदम माना जाएगा।



