इंजीनियरिंग में घटा छात्रों का रुझान, 61 हजार सीटों पर केवल 31 हजार रजिस्ट्रेशन

इंजीनियरिंग पाठ्यक्रमों में इस वर्ष छात्रों की रुचि में कमी देखने को मिली है। उपलब्ध करीब 61 हजार सीटों के मुकाबले अब तक लगभग 31 हजार अभ्यर्थियों ने ही पंजीकरण कराया है।
मिली जानकारी के अनुसार, प्रवेश प्रक्रिया के तहत चॉइस फिलिंग (कॉलेज विकल्प भरने) का आज अंतिम दिन है। अभ्यर्थियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर अपनी पसंद के संस्थानों और पाठ्यक्रमों का चयन करना होगा।
सूत्रों के मुताबिक, अपेक्षा से कम पंजीकरण होने के कारण कई कॉलेजों में बड़ी संख्या में सीटें खाली रहने की आशंका जताई जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि बदलते करियर विकल्प, नए प्रोफेशनल कोर्स और रोजगार की प्राथमिकताओं के कारण इंजीनियरिंग में छात्रों का रुझान प्रभावित हुआ है।
प्रवेश अधिकारियों ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे अंतिम समय का इंतजार किए बिना समय रहते चॉइस फिलिंग की प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि किसी तकनीकी समस्या से बचा जा सके।
फिलहाल चॉइस फिलिंग की प्रक्रिया जारी है। इसके बाद मेरिट और अभ्यर्थियों द्वारा भरे गए विकल्पों के आधार पर सीट आवंटन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
(Poonam Report)



