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नीट छात्रा केस में नया मोड़: पप्पू यादव ने जारी किया ‘मिस्ट्री वुमन’ का ऑडियो, उठाए कई स

पटना/नई दिल्ली।
नीट छात्रा से जुड़े बहुचर्चित मामले में एक बार फिर सियासी हलचल तेज हो गई है। निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने इस केस से जुड़ा एक कथित ऑडियो क्लिप सार्वजनिक करते हुए जांच एजेंसियों और प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पप्पू यादव का दावा है कि यह ऑडियो एक ‘मिस्ट्री वुमन’ का है, जिसकी भूमिका उस रात हॉस्टल में संदिग्ध बताई जा रही है।
उन्होंने मीडिया के सामने ऑडियो जारी करते हुए कहा कि,
“पूरा देश जानना चाहता है कि जिस रात यह घटना हुई, उस वक्त यह महिला हॉस्टल में क्या कर रही थीं? किसके बुलावे पर आई थीं और इतनी देर तक वहां क्यों रहीं?”

ऑडियो में क्या है दावा

पप्पू यादव के अनुसार, ऑडियो में महिला कुछ ऐसे तथ्यों का जिक्र कर रही है जो अब तक पुलिस जांच में सामने नहीं आए थे। इसमें हॉस्टल के अंदर की गतिविधियों, कुछ लोगों की आवाजाही और घटना से पहले हुए कथित विवाद की बात कही गई है। यादव का कहना है कि अगर इस ऑडियो की निष्पक्ष जांच हो जाए तो पूरे मामले की सच्चाई सामने आ सकती है।
जांच एजेंसियों पर उठे सवाल

सांसद पप्पू यादव ने आरोप लगाया कि शुरू से ही इस केस को दबाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि,
“गरीब की बेटी के साथ अन्याय हुआ है। अगर यह किसी बड़े घर की होती तो अब तक सच्चाई बाहर आ चुकी होती।”

उन्होंने सीबीआई या सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच की मांग भी दोहराई।
परिवार का दर्द और न्याय की मांग

नीट छात्रा के परिजनों ने भी ऑडियो सामने आने के बाद उम्मीद जताई है कि अब शायद सच बाहर आएगा। छात्रा के पिता ने कहा कि उनकी बेटी को इंसाफ दिलाने के लिए वे आखिरी सांस तक लड़ेंगे।

प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार

फिलहाल प्रशासन और पुलिस की ओर से इस ऑडियो को लेकर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। सूत्रों के मुताबिक, ऑडियो की सत्यता की जांच की जा रही है और तकनीकी विश्लेषण के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी।

सियासत भी हुई तेज

इस मामले को लेकर विपक्ष लगातार सरकार को घेर रहा है। कई नेताओं ने इसे कानून-व्यवस्था की विफलता बताते हुए पीड़िता को जल्द न्याय दिलाने की मांग की है।
अब बड़ा सवाल यही है कि आखिर ‘मिस्ट्री वुमन’ कौन है और उस रात हॉस्टल में उसकी मौजूदगी का सच क्या है? क्या यह ऑडियो पूरे मामले की दिशा बदल देगा या फिर यह भी अन्य सबूतों की तरह फाइलों में दबकर रह जाएगा—यह आने वाला वक्त बताएगा।
निरुपमा पाण्डेय, जस्ट एक्शन न्यूज़

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