संत प्रेमानंद के आश्रम पहुंची मां, बोली- मेरा बेटा दे दो; तीन परिवार तलाश रहे अपने बच्चों को

मथुरा। वृंदावन में संत प्रेमानंद महाराज के आश्रम के बाहर महाराष्ट्र के संभाजी नगर से आई एक मां अपने 20 वर्षीय बेटे की तलाश में भावुक हो उठीं। उज्ज्वला परमेश्वर ताकफिरे का कहना है कि उनका बेटा ओम संत प्रेमानंद महाराज के वीडियो और सत्संग से प्रभावित था और 21 जून को घर से वृंदावन के लिए निकला था। इसके बाद से वह घर वापस नहीं लौटा।
उज्ज्वला के अनुसार, उनके पति का करीब छह साल पहले निधन हो चुका है और परिवार में उनका 20 वर्षीय बेटा ही उनके लिए बड़ा सहारा था। उनका कहना है कि ओम नियमित रूप से संत के वीडियो देखता था, बताए गए नियमों का पालन करता था और साधना करता था। बेटे के वृंदावन आने के बाद परिवार को उसका कोई पता नहीं चल सका।
मां ने बताया कि बेटे की तलाश में वह 23 जून को वृंदावन पहुंची थीं। उनके अनुसार, आश्रम से जुड़े लोगों ने उन्हें सीसीटीवी फुटेज दिखाई, जिसमें उन्हें अपना बेटा दिखाई दिया। इसके बाद उन्हें यमुना पार ले जाया गया, लेकिन बेटे से मुलाकात नहीं हो सकी। उज्ज्वला का आरोप है कि बाद में उन्हें बताया गया कि पहचान को लेकर गलतफहमी हुई थी। बेटे की गुमशुदगी संभाजी थाने में दर्ज है।
वृंदावन में एक अन्य परिवार भी अपने 14 वर्षीय बेटे की तलाश कर रहा है। बड़ी आटस गांव निवासी किशोरी लाल और उनकी पत्नी के अनुसार, उनका बेटा संत प्रेमानंद महाराज के वीडियो और सत्संग सुनता था। वह 10 सितंबर की सुबह घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं आया। तलाश के बाद 23 सितंबर को जैंत थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई गई। परिवार को उसके साथियों से जानकारी मिली कि उसे 11 सितंबर को सुनरख में देखा गया था।
कासगंज के रहने वाले चंद्रपाल चौहान भी अपने 16 वर्षीय बेटे मयंक सिंह चौहान उर्फ मनु की तलाश में जुटे हैं। परिवार के अनुसार, मयंक सात अगस्त की रात घर से चला गया था। कमरे में मिले पत्र में दिल्ली जाकर नौकरी करने की बात लिखी थी। हालांकि, पिता का कहना है कि मयंक संत प्रेमानंद महाराज से प्रभावित था और नामजप करता था, इसलिए उन्हें आशंका है कि वह वृंदावन आया हो सकता है।
चंद्रपाल के मुताबिक वह बेटे की तलाश में कई बार आश्रम पहुंचे, लेकिन उन्हें अंदर प्रवेश नहीं दिया गया। उन्होंने कासगंज थाने और वृंदावन कोतवाली में भी मदद मांगी है। परिवार करीब दो महीने से बेटे की तलाश कर रहा है।
वृंदावन के सीओ संदीप सिंह ने बताया कि परिजन बच्चों के लापता होने की शिकायतें कर रहे हैं। स्थानीय स्तर पर अभी प्रार्थनापत्र नहीं दिया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और प्रार्थनापत्र मिलने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
Poonam Report.



