श्रीनगर में नेशनल कॉन्फ्रेंस का प्रदर्शन, राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग

श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर में राज्य का दर्जा बहाल करने और संवैधानिक सुरक्षा की मांग को लेकर नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बुधवार को श्रीनगर में प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी बीजेपी कार्यालय की ओर मार्च कर रहे थे और हाथों में पोस्टर लेकर केंद्र सरकार से जम्मू-कश्मीर को फिर से राज्य का दर्जा देने की मांग कर रहे थे।
नेशनल कॉन्फ्रेंस के मुख्य प्रवक्ता और विधायक तनवीर सादिक ने कहा कि प्रदर्शन का उद्देश्य जम्मू-कश्मीर में बीजेपी की स्थानीय इकाई को निशाना बनाना नहीं, बल्कि दिल्ली में बीजेपी नेतृत्व को उन वादों की याद दिलाना है, जो जम्मू-कश्मीर के लोगों से किए गए थे। उन्होंने कहा कि पार्टी केंद्र सरकार से अपने आश्वासनों को पूरा करने की मांग कर रही है।
प्रदर्शन के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने राज्य का दर्जा बहाल करने के साथ-साथ संवैधानिक सुरक्षा और युवाओं से जुड़े रोजगार एवं आरक्षण के मुद्दों को भी उठाया। नेशनल कॉन्फ्रेंस का कहना है कि जम्मू-कश्मीर के लोगों के अधिकारों और विधानसभा चुनाव में मिले जनादेश का सम्मान किया जाना चाहिए।
यह प्रदर्शन ऐसे समय हुआ जब श्रीनगर में बीजेपी और नेशनल कॉन्फ्रेंस ने अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किए। बीजेपी ने नेशनल कॉन्फ्रेंस सरकार के खिलाफ सिविल सचिवालय की ओर मार्च का कार्यक्रम रखा था, जबकि एनसी ने इसके जवाब में बीजेपी कार्यालय की ओर प्रदर्शन का ऐलान किया था। दोनों कार्यक्रमों को देखते हुए श्रीनगर के कई इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई और पुलिस ने मार्चों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए इंतजाम किए।
बीजेपी ने जहां जम्मू-कश्मीर में बेरोजगारी, बिजली दरों और सरकारी नियुक्तियों सहित कई मुद्दों को लेकर सरकार पर सवाल उठाए, वहीं नेशनल कॉन्फ्रेंस ने राज्य का दर्जा बहाल करने और केंद्र सरकार की ओर से किए गए आश्वासनों को पूरा करने को अपना प्रमुख मुद्दा बनाया। इससे श्रीनगर में दोनों दलों के बीच राजनीतिक टकराव और तेज होता दिखाई दिया।
जम्मू-कश्मीर को अगस्त 2019 में पुनर्गठित कर जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को अलग-अलग केंद्रशासित प्रदेश बनाया गया था। इसके बाद से जम्मू-कश्मीर में राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग लगातार राजनीतिक बहस का प्रमुख मुद्दा बनी हुई है।
Poonam Report



